Rajasthan: 1.75 लाख की ऑनलाइन ठगी करने वाला बिहार से गिरफ्तार, टोल फ्री नंबर के जरिए की थी वारदात

0
17
पुलिस गिरफ्त में आरोपी।

पुलिस गिरफ्त में आरोपी।
– फोटो : अमर उजाला

ख़बर सुनें

राजस्थान के बाड़मेर जिले की पुलिस ने ऑनलाइन ठगी की वारदात को अंजाम देने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। शहर की कोतवाली थाना पुलिस ने शातिर ठग रवीश कुमार को बिहार से हिरासत में लिया और फिर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की टीम रिमांड पर लेकर उससे पूछताछ कर रही है। आरोपी ने टोल फ्री नंबर के जरिए 1.75 लाख की ठगी की वारदात को अंजाम दिया था। 

एसपी दीपक भार्गव ने बताया कि 2 सितंबर को थाना कोतवाली इलाके के सणवा स्थित बालाजी शिक्षण संस्थान की अध्यक्ष संतोष ने एक केस दर्ज कराया। अपनी शिकायत मे उन्होंने बताया कि संस्थान के भवन निर्माण कार्य के लिए सीमेंट की आवश्यकता थी। उनके पति ने एक टोल फ्री नंबर पर बात की तो उसने कहा कि आपके पास कंपनी से फोन आ जाएगा। 

17 अगस्त को एक कॉल आया और सामने बात करने वाले ने खुद को कंपनी का कर्मचारी बताया। उसने सीमेंट के रेट बताए और फिर खाता नंबर व आईएफसी कोड भेज रुपए ट्रांसफर करने को कहा गया। अगले दिन महिला के पति ने आरटीजीएस के जरिए बताए गए अकाउंट पर 1.75 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। रुपये ट्रांसफर करने के बाद उस व्यक्ति ने बात करना बंद कर दिया। बाद में पीड़ित थाने पहुंचे और केस दर्ज कराया।  

मामले की जांच के लिए एसपी भार्गव ने थाना अधिकारी गंगाराम खावा के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया। टीम ने आरोपी के बारे में जानकारी जुटाकर पंजाब, यूपी, बिहार, झारखंड और मुंबई में तलाश की, लेकिन सफलता हाथ नहीं लगी। अब पुलिस ने आरोपी रवीश कुमार पुत्र कालू मांझी (26) निवासी थाना परैया जिला गया बिहार को गिरफ्तार किया है।

विस्तार

राजस्थान के बाड़मेर जिले की पुलिस ने ऑनलाइन ठगी की वारदात को अंजाम देने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। शहर की कोतवाली थाना पुलिस ने शातिर ठग रवीश कुमार को बिहार से हिरासत में लिया और फिर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की टीम रिमांड पर लेकर उससे पूछताछ कर रही है। आरोपी ने टोल फ्री नंबर के जरिए 1.75 लाख की ठगी की वारदात को अंजाम दिया था। 

एसपी दीपक भार्गव ने बताया कि 2 सितंबर को थाना कोतवाली इलाके के सणवा स्थित बालाजी शिक्षण संस्थान की अध्यक्ष संतोष ने एक केस दर्ज कराया। अपनी शिकायत मे उन्होंने बताया कि संस्थान के भवन निर्माण कार्य के लिए सीमेंट की आवश्यकता थी। उनके पति ने एक टोल फ्री नंबर पर बात की तो उसने कहा कि आपके पास कंपनी से फोन आ जाएगा। 

17 अगस्त को एक कॉल आया और सामने बात करने वाले ने खुद को कंपनी का कर्मचारी बताया। उसने सीमेंट के रेट बताए और फिर खाता नंबर व आईएफसी कोड भेज रुपए ट्रांसफर करने को कहा गया। अगले दिन महिला के पति ने आरटीजीएस के जरिए बताए गए अकाउंट पर 1.75 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। रुपये ट्रांसफर करने के बाद उस व्यक्ति ने बात करना बंद कर दिया। बाद में पीड़ित थाने पहुंचे और केस दर्ज कराया।  

मामले की जांच के लिए एसपी भार्गव ने थाना अधिकारी गंगाराम खावा के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया। टीम ने आरोपी के बारे में जानकारी जुटाकर पंजाब, यूपी, बिहार, झारखंड और मुंबई में तलाश की, लेकिन सफलता हाथ नहीं लगी। अब पुलिस ने आरोपी रवीश कुमार पुत्र कालू मांझी (26) निवासी थाना परैया जिला गया बिहार को गिरफ्तार किया है।

This News is Updated by Khabre Fatafat
नोट :- अन्य अपडेट लगातार पाने के लिए हमारा फेसबुक पेज लाइक करें| आप हमें ट्वीटर पर भी फॉलो कर सकते हैं| आप हमारा एंड्राइड ऐप भी डाउनलोड कर सकते है|नवीनतम वीडियो न्यूज देखने के लिए हमें यूटूब (Youtube) पर सब्सक्राइब करें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here