जालौर: 1.11 लाख की रिश्वत लेते कनिष्ठ सहायक गिरफ्तार, प्लॉट की रजिस्ट्री कराने के लिए मांगे थे एक लाख 60 हजार 

0
29

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जालौर
Published by: उदित दीक्षित
Updated Fri, 13 May 2022 03:51 PM IST

सार

रिश्वत की मांग से तंग आए परिवादी की शिकायत पर एसीबी ने आरोपी कनिष्ठ सहायक को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के दो साथी मौके से फरार हो गए। एसीबी की टीम उनकी गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है। 

ख़बर सुनें

राजस्थान के जालौर में एसीबी की टीम ने एक कनिष्ठ सहायक को 1.11 लाख की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी ने प्लॉट की रजिस्ट्री कराने के लिए पीड़ित से 1 लाख 60 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। 

इसके लेकर फरियादी को लगातार परेशान किया जा रहा था। इससे तंग आकर उसने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) में शिकायत की थी। मामले की जांच के बाद शुक्रवार को एसीबी की टीम ने आरोपी कनिष्ठ सहायक विक्रम सिंह को गिरफ्तार कर लिया।  

एसीबी के महानिदेशक भगवान लाल सोनी ने बताया कि जालौर इकाई को परिवादी ने एक शिकायत दी थी। पीड़ित ने बताया कि उसके प्लॉट की रजिस्ट्री करवाने के लिए कनिष्ठ सहायक विक्रम सिंह और कनिष्ठ सहायक राणा राम द्वारा 1 लाख 60 हजार रुपये की रिश्वत मांगी जा रही है। दोनों अधिकारियों का दलाल हीरालाल रुपयों की मांग को लेकर लगातार परेशान कर रहा है। 

एसीबी जालौर इकाई के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महावीर सिंह राणावत के नेतृत्व में शिकायत का सत्यापन किया गया तो वह सही पाई गई। जिसके बाद पुलिस निरीक्षक राजेंद्र सिंह चारण  और उनकी टीम ने ट्रेप की कार्रवाई की।

इस दौरान आरोपी विक्रम सिंह पुत्र महेंद्र सिंह निवासी जालौर कनिष्ठ सहायक को परिवादी से 1 लाख 11 हजार रुपये लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया गया। एसीबी की कार्रवाई की भनक लगने के कारण आरोपी राणा राम सब रजिस्ट्रार और दलाल हीरालाल मौके से फरार हो गए। दोनों फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।  

विस्तार

राजस्थान के जालौर में एसीबी की टीम ने एक कनिष्ठ सहायक को 1.11 लाख की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी ने प्लॉट की रजिस्ट्री कराने के लिए पीड़ित से 1 लाख 60 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। 

इसके लेकर फरियादी को लगातार परेशान किया जा रहा था। इससे तंग आकर उसने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) में शिकायत की थी। मामले की जांच के बाद शुक्रवार को एसीबी की टीम ने आरोपी कनिष्ठ सहायक विक्रम सिंह को गिरफ्तार कर लिया।  

एसीबी के महानिदेशक भगवान लाल सोनी ने बताया कि जालौर इकाई को परिवादी ने एक शिकायत दी थी। पीड़ित ने बताया कि उसके प्लॉट की रजिस्ट्री करवाने के लिए कनिष्ठ सहायक विक्रम सिंह और कनिष्ठ सहायक राणा राम द्वारा 1 लाख 60 हजार रुपये की रिश्वत मांगी जा रही है। दोनों अधिकारियों का दलाल हीरालाल रुपयों की मांग को लेकर लगातार परेशान कर रहा है। 

एसीबी जालौर इकाई के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महावीर सिंह राणावत के नेतृत्व में शिकायत का सत्यापन किया गया तो वह सही पाई गई। जिसके बाद पुलिस निरीक्षक राजेंद्र सिंह चारण  और उनकी टीम ने ट्रेप की कार्रवाई की।

इस दौरान आरोपी विक्रम सिंह पुत्र महेंद्र सिंह निवासी जालौर कनिष्ठ सहायक को परिवादी से 1 लाख 11 हजार रुपये लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया गया। एसीबी की कार्रवाई की भनक लगने के कारण आरोपी राणा राम सब रजिस्ट्रार और दलाल हीरालाल मौके से फरार हो गए। दोनों फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।  

This News is Updated by Khabre Fatafat
नोट :- अन्य अपडेट लगातार पाने के लिए हमारा फेसबुक पेज लाइक करें| आप हमें ट्वीटर पर भी फॉलो कर सकते हैं| आप हमारा एंड्राइड ऐप भी डाउनलोड कर सकते है|नवीनतम वीडियो न्यूज देखने के लिए हमें यूटूब (Youtube) पर सब्सक्राइब करें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here