कुशीनगर में नाव पलटने से दस लोग डूबे, म‍िले तीन युवतियों के शव…. – 24×7 Khabre Fatafat

0
23

Kushinagar Boat Accident कुशीनगर के खड्डा इलाके में बुधवार सुबह नारायणी नदी में महिला मजदूरों से भरी नाव पलट गई। नाव पर सवार नौ महिलाओं समेत सभी 10 लोग डूब गए। नदी में मछली मार रहे मछुआरों ने सात को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, जबकि तीन युवतियां लापता हो गईं। घटना की सूचना म‍िलते ही ज‍िले के आला अध‍िकारी मौके पर पहुंच गए और बचाव कार्य शुरू कर द‍िया गया।

एक घंटे बाद म‍िली युवत‍ियों की लाशें

एक घंटे की मशक्कत के बाद तीनों का शव मिला। इसकी जानकारी होते ही गांव में चीख पुकार मच गई। नाव पर सवार महिला मजदूर नदी उस पार गेहूं की कटाई करने जा रहीं थीं।

मौके पर पहुंचे डीएम, एसपी व व‍िधायक

डीएम, एसपी व विधायक ने मौके पर पहुंच घटना की जानकारी ली। पुलिस शवों को कब्जे में ले पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना का कारण नाव में छेद होना बताया जा रहा है।

jagran

नारायणी उस पार गेहूं की कटाई करने जा रही थीं महिलाएं

बताया जा रहा है कि गांव बोधी छपरा निवासी मिश्री निषाद का नारायणी नदी उस पार गांव बलुइया रेता में खेत है। खेत में गेहूं की फसल तैयार है। छितौनी के टोला पथलहवा निवासी नौ महिला मजूदरों संग सुबह आठ बजे वह गेहूं की कटाई कराने नाव से नदी उस पार जा रहे थे। बीच नदी में नाव में छेद के चलते पानी भर जाने से अचानक पलट गई। इससे सवार सभी डूबने लगे। यह देख नदी किनारे मछली मार रहे आधा दर्जन मछुआरे साहस दिखाते हुए नदी में कूद गए और डूबते लोगों में 16 वर्षीय कुमकुम, 55 वर्षीय सुरमा देवी, 16 वर्षीय हुस्नआरा, 16 वर्षीय रबिया, 18 वर्षीय नूरजहां, 16 वर्षीय गुलशन निवासी पथलहवा तथा 45 वर्षीय मिश्री निषाद सहित सात को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

इनकी हुई मौत

काफी तलाश के बाद भी 18 वर्षीय गुड़िया, 35 वर्षीय आसमां व 18 वर्षीय सोनिया निवासी पथलहवा का पता नहीं चला। एक घंटे की मशक्कत के बाद नदी के बीच शैवाल में फंसे तीनों का शव मिला। शव बरामद होने की खबर मिलते ही गांव में चीख-पुकार मच गई। अधिक संख्या में गांव के लोग नदी किनारे एकत्रित हो गए। पंचानामा बाद पुलिस ने शवों को कब्जे में ले लिया।

jagran

डीएम एस राजलिंगम, एसपी सचिन्द्र पटेल, विधायक विवकेनंद पाण्डेय ने घटनास्थल पर पहुंच जानकारी ली। गांव के लोगों ने बताया कि मृतकों में आसमां व गुड़िया एक ही परिवार की थीं।

नाव में छेद देख महिला मजदूरों ने बैठने से किया था इन्कार

कहा जा रहा है कि नदी उस पार जाने के लिए सभी नौ महिला मजदूरों ने नाव में छेद देख बैठने से इन्कार कर दिया था। मगर खेत के मालिक मिश्री ने कुछ नहीं होने की बात कह सभी को नाव में बैठने को कहा। नाव बीच नदी में पहुंची तो फिर वही हुआ जिसकी महिला मजूदरों की आशंका जताई थी।

नदी में नाव चलाने की नहीं है अनुमति

डीएम एस राजलिंगम ने बताया कि नदी में नाव चलाने की अनुमति नहीं है। नाव मछुआरों की बताई जा रही। मामले की जांच के आदेश एसडीएम को दिए गए हैं। जांच के आधार पर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई होगी।

This News is Updated by Khabre Fatafat
नोट :- अन्य अपडेट लगातार पाने के लिए हमारा फेसबुक पेज लाइक करें| आप हमें ट्वीटर पर भी फॉलो कर सकते हैं| आप हमारा एंड्राइड ऐप भी डाउनलोड कर सकते है|नवीनतम वीडियो न्यूज देखने के लिए हमें यूटूब (Youtube) पर सब्सक्राइब करें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here